Posted on 01 December 2013 by admin
इस पूरे घटनाक्रम के बाद जब मीडिया में तरुण तेजपाल की बखिया उधेड़ी जा रही थी, तब एक केंद्रीय कांग्रेसी मंत्री निरंतर तेजपाल के संपर्क में थे। जो अपनी जरूरी, कानूनी राय की डोज तेजपाल को मुहैया करा रहे थे। जब तमाम टीवी चैनलों के ओवी वैन तरुण के नई दिल्ली के जंगपुरा स्थित घर लगी थी तब तरुण अपनी बहन नीना शर्मा के उसके ग्रेटर कैलाश स्थित निवास में टिके हुए थे। उसके बाद जब उस मंत्री ने तरुण से कहा कि ‘अब मामला काफी तूल पकड़ चुका है,दिल्ली में तुम्हारी कोई मदद नहीं हो सकती, बेहतर होगा तुम गोवा चले जाओ।’ तब तेजपाल ने शुक्रवार को गोवा जाने की ज़हमत उठाई, गोवा में तरुण के वकील को ढूंढऩे में भी मंत्री जी की अहम भूमिका रही, रही बात केटीएस तुलसी की तो वे काफी पहले से तहलका से जुड़े हैं।
Posted on 24 November 2013 by admin
तहलका के प्रमुख संपादक तरुण तेजपाल मूलत: हरियाणा के हिसार के रहने वाले हैं, इनकी मां वहां एक स्कूल चलाती हैं, इनके पिता एक रिटायर्ड आर्मी ऑफिसर हैं, जिनके ऊपर केरल के एक पूर्व आर्मी अफसर की पत्नी के साथ मुआवजे का केस चल रहा है। तरुण की पत्नी भी पत्रकारिता से जुड़ी है। सूत्र बताते हैं कि तेजपाल पर यह मामला इसीलिए भी भारी पडऩे वाला है कि उन्होंने कथित यौन-उत्पीडऩ के बाद पीडि़ता से कहा था कि यह तरीका है आगे बढऩे का, प्रमोशन पाने का और पैसे कमाने का।
Posted on 18 November 2013 by admin
न्याय के प्रतिमूत्र्ति इन दिनों सार्वजनिक जीवन में नैतिकता व शुचिता को लेकर स्वयं कटघरे में हैं, नार्थ-ईस्ट की जिस इंटर्न छात्रा ने हाल में ही रिटायर हुए सुप्रीम कोर्ट के एक न्यायाधीश पर अपने यौन शोषण का आरोप लगाया है, अपनी शिकायत में उन्होंने साफ तौर पर कई सनसनीखेज खुलासे किए हैं और बताया है कि न्यायाधीश महोदय ने एक होटल के कमरे में 24 दिसंबर की रात क्या कहकर उनका यौन शोषण किया, और ऐसा कुकृत्य उसके साथ अकेले नहीं हुआ है बल्कि उनकी कई सहेलियां भी वक्त-बेवक्त ऐसे हादसों का शिकार हुई है, सबसे अहम बात तो यह कि कोर्ट-बीट कवर करने वाली कई महिला पत्रकारों को भी ऐसे बुरे अनुभवों से गुज़रना पड़ा है, पर इनमें से किसी ने भी मुंह खोलने की हिम्मत नहीं दिखाई। एक अहम खुलासा यह भी किया गया है कि ऐसे कुकृत्यों में न्यायधीशों के अलावा कई सीनियर एडवोकेट भी शामिल हैं, जिनकी नजर भी अपनी जूनियर या इंटर्न पर रहती है। अब सवाल उठता है कि यह प्रदूषित हवा आखिर चली किधर से और पहुंची कहां तक, समझा जाता है कि यह बयार हिमाचल से शुरू होकर बंगाल की खाड़ी तक पहुंची है।
Posted on 11 November 2013 by admin
नाइजीरिया और भारत के राजनयिक संबंधों को नए सिरे से परिभाषित करने की जरूरत महसूस होने लगी है, पिछले दिनों गोवा में जो कुछ हुआ और उस पर एक नाइजीरियन राजनयिक ने जिस प्रकार के एसएमएस भेजे दोनों देशों के बीच इसको लेकर संबंधों में और तल्ख़्ाी आ गई लगती है, एक अंतरराष्टï्रीय जांच एजेंसी ने तो नाइजीरिया स्थित भारतीय दूतावास की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए हैं और प्रकारांतर में उसने भारत सरकार को इस बारे में आगाह किया था कि वहां के भारतीय हाईकमान के अदृश्य लिंक्स की जांच होनी चाहिए, नहीं तो क्या वजह है कि नाइजीरिया स्थित भारतीय उच्चायोग बगैर किसी पुख्ता दस्तावेजों की इस बड़ी तादाद में नाइजीरिया के नागरिकों को भारत आने के लिए मेडिकल, बिजनेस, टूरिस्ट या स्टूडेंट वीसा जारी करता है। सो, ऐसे में यह सवाल उठना लाजिमी है कि क्या नाइजीरिया स्थित भारतीय उच्चायोग वहां के ड्रगमाफिया के प्रभाव में तो नहीं? अमरीकी एजेंसी डीईए (ड्रग इंफोर्समेंट एजेंसी) ने तो नाइजीरियन नागरिकों को लेकर कड़े दिशा-निर्देश जारी कर रखे हैं, कई भारतीय विश्वविद्यालयों ने विदेशी छात्रों को दाखिले के मामले में एडमिशन के दिशा-निर्देशों को पहले से कहीं ज्यादा सख्त बना दिए हैं, जिससे दिल्ली समेत कई प्रमुख विश्वविद्यालयों में नाइजीरिया के छात्रों के लिए एडमिशन पाना खासा मुश्किल हो गया है, पर अभी भी पंजाब नाइजीरिया के छात्रों के लिए मक्का साबित हो रहा है, क्योंकि वहां के विश्वविद्यालयों में इनके लिए एडमिशन पाना कहीं ज्यादा आसान है, शायद यही वजह है कि पंजाब के युवा इस कदर ड्रग की गिरफ्त में है, भारत स्थित नाइजीरियन दूतावास ने तो वाकई भारतीय वकीलों का ऐसा पैनल हायर कर रखा है जिनको ड्रग के केस में महारथ हासिल है, पर भारत की मजबूरी यह है कि वह चाहकर भी नाइजीरिया से अपने राजनयिक संबंध बिगाडऩा नहीं चाहता, क्योंकि भारत अपनी कुल जरूरत का 17 फीसदी कच्चे तेल का आयात नाइजीरिया से ही करता है। और 10 लाख भारतीय नाइजीरिया में बसे हैं।
Posted on 05 November 2013 by admin
अमित शाह को कानूनी पचड़े से बचाने के लिए एक प्रमुख राज्य के गवर्नर साहब भी खासे एक्टिव हैं, वे कानून के पुराने जानकार हैं और कानून वालों से उनके अब भी निजी रिश्ते कायम हैं, इस पूरे मामले का एक लंदन कनेक्शन भी हैं, जो सेवा भाव से जुड़ा है। (एनटीआई) द्दशह्यह्यद्बश्चद्दह्वह्म्ह्व.द्बठ्ठ
Posted on 23 October 2013 by admin
कोलगेट पर सीबीआई की प्राथमिकता अब बदल गई है, कुमारमंगलम बिड़ला व नवीन जिंदल अब उसकी प्रॉयोरिटी लिस्ट में नहीं रह गए हैं, अब सीबीआई ने अपनी नज़रे पूर्व कोल सचिव पी.सी. परख पर टिका ली हैं। विभिन्न न्यूज चैनलों को दिए गए परख के बयानों और उनके इंटरव्यू को खंगाला जा रहा है, और उससे माकूल सामग्री इक_ïी की जा रही है। यूं तो परख हैदराबाद में रहते हैं, पर सूत्र बताते हैं कि उन पर केस दिल्ली में दर्ज हो सकता है, और जैसे ही जनमानस की स्मृतियों से यह मामला किंचित धूमिल हुआ उन्हें आहिस्ते से गिरफ्तार भी किया जा सकता है।
Posted on 29 September 2013 by admin
अभी हालिया दिनों में भाजपा के पूर्व संगठन मंत्री संजय जोशी और भाजपा महासचिव अमित शाह की नई दिल्ली के चाणक्यपुरी में स्थित गुजरात भवन की कैंटीन में आमने-सामने की मुलाकात हो गई। संजय जोशी को मोदी विरोध के एक ध्रुव के तौर पर देखा जाता है, पर जैसे ही दोनों नेताओं का आमना-सामना हुआ, इन्होंने आपसी गिले-शिकवे भुलाकर खूब गर्मजोशी से एक-दूसरे का अभिवादन किया और भोजनालय के साथ लगे एक सोफे पर बैठ कर देर तक गुफ्तगु करते रहे, असली सियासतदांओं की तरह।
Posted on 29 September 2013 by admin
राजस्थान के एक युवा केंद्रीय मंत्री पर कंपनियों से खुलकर उगाही करने के आरोप लग रहे हैं। मंत्री जी की पत्नी एक एनजीओ चलाती हैं। कहा तो जा रहा है कि मंत्री जी चेक और कैश दोनों ही तरीकों से खुल्लम-खुल्ला पैसा ले रहे हैं, एनजीओ के नाम पर कंपनियों से चेक लिए जा रहे हैं और फिर उतनी ही रकम कैश में ले ली जाती है। समझा जाता है कि राजस्थान के ही कुछ उत्साही कांग्रेसी नेताओं ने इस मंत्रीजी की शिकायत 10 जनपथ से कर दी, पर सूत्र बताते हैं कि 10 जनपथ ने इस मामले को ज्यादा तूल नहीं दिया उल्टे शिकायतकत्र्ताओं से कहा गया कि चुनावी वर्ष में इतनी छोटी-छोटी बातों को वे तूल न दें, पर सरकार ने धीरे से यह मामला सीबीआई के सुपुर्द कर दिया है।
Posted on 22 September 2013 by admin
2014 के लोकसभा चुनाव के बाद पंजाब की अकाली-भाजपा सरकार की कमान बदल सकती है। प्रकाश सिंह बादल अपने पुत्र व राज्य के उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल को पंजाब की बागडोर सौंप सकते हैं। बादल को भाजपा की ओर से यह संकेत मिले हैं कि उन्हें एनडीए की ओर से देश के अगले राष्टï्रपति उममीदवार के तौर पर प्रोजेक्ट किया जा सकता है।
Posted on 08 September 2013 by admin
भाजपा के एक वाणी पुरूष, इसके प्रवक्ता और एक बड़े राष्टï्रीय नेता के राजनीतिक सलाहकार से दिल की चोट खाने के बाद भाजपा की एक युवा राष्टï्रीय सचिव ने विवाह बंधन में बंधने का फैसला किया है, आने वाले कुछ महीनों में एक कश्मीरी युवक से उनकी शादी होने वाली है।