| अलविदा अडवानी! |
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May 28 2012 |
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अडवानी अपनी ही पार्टी व संघ के चंद नेताओं से बेतरह नाराज हैं। उनका यूं नाराज होना भी लाजिमी ही है। संघ ने साफ कर दिया है कि पार्टी का कोई भी नेता जो 75 बरस की दहलीज पार कर गया हो वह चुनाव नहीं लड़ेगा, बल्कि पार्टी में संरक्षक की भूमिका में अवतरित होगा। यानी अडवानी, यशवंत सिन्हा, जसवंत सिंह, मुरली मनोहर जोशी अगले आम चुनाव 2014 में इन सबका पत्ता कट सकता है। संघ नेताओं के समक्ष अडवानी का यह तर्क भी काम नहीं आया जब उन्होंने केरल के वामपंथी पूर्व मुख्यमंत्री अच्चुतानंद का हवाला दिया जो 80 पार के हैं, संघ का कहना साफ है कि वह भाजपा के युवा नेतृत्व को सामने लाने का पक्षधर है। सो,अब अडवानी युग के अवसान गीत गाने का वक्त आ गया है। |
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